देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read More
वाराणसी। बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में हुए हंगामे की जांच पूरी हो चुकी है। कमिश्नर नितिन रमेश गोकर्ण ने अपनी रिपोर्ट यूपी सरकार को सौंप दी है। कमिश्नर नितिन रमेश गोकर्ण ने अपनी जांच रिपोर्ट में बीएचयू प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है। जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि बवाल बढने के लिए बीएचयू प्रशासन जिम्मेदार है। वाराणसी कमिश्नर नितिन रमेश गोकर्ण ने अपनी जांच रिपोर्ट यूपी के चीफ सेक्रेटरी राजीव कुमार को सौंपी है। इस रिपोर्ट में बताया गया है कि बीएचयू प्रशासन ने पीडिता की शिकायत पर ढंग से कार्रवाई की और ना ही हालात को सही तरीके से संभाला गया। बता दें के बीएचयू में छेडछाड के बाद छात्राओं ने धरना प्रदर्शन किया। इससे माहौल बिगड गया।
मोदी-शाह ने योगी से जरूरी कदम उठाने को कहा:
बीएचयू में उग्र हुए माहौल के बाद पीएम मोदी और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ से बात की। साथ ही पीएम मोदी ने योगी आदित्यनाथ से इस मामले में जरूरी कदम उठाने को कहा है।
लाठीचार्ज से बिगडा माहौल:ज्ञातव्य है कि गुरुवार रात से ही छेडछाड के विरोध में छात्राएं बीएचयू के गेट पर धरना प्रदर्शन कर रही थी। वहीं बीएचयू परिसर में हिंसा और तनाव की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने 25 थानों की पुलिस बुलाई थी। शनिवार को पुलिस ने छात्राओं पर लाठीचार्ज किया। इसके बाद माहौल बिगड गया। पुलिस के जवान छात्रावासों में घुस गए और स्टूडेंट्स की पिटाई की।
1200 छात्र-छात्राओं पर केस:
वहीं पुलिस ने बीएचयू परिसर में शांति भंग और हिंसक वारदात के आरोपों के तहत 1200 अज्ञात छात्र छात्राओं के खिलाफ मामला दर्ज किया। वहीं लाठीचार्ज में दोषी पाए गए लंका थाने के इंचार्ज, भेलूपुर के सीओ और एक अतिरिक्त सिटी मजिस्ट्रेट को हटा दिया गया है।
साभार-khaskhabar.com













Related Items
दिल्ली में फायरिंग : गृह मंत्री ने की पुलिस कमिश्नर से बात, कहा-दोषियों को नहीं बख्शेंगे
मुड़िया मेला में पहुंचे एनजीटी कमिश्नर
कमिश्नर ने किया परिक्रमा मार्ग का निरीक्षण