देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreकलयुग में जीव एक मद मस्त हाथी जैसा हो गया है..ज्ञानी अपना ज्ञान खो बैठे है...बैरागी संसार की बातें करने लगा है..भक्ति को भक्त मोबाइल पे ले आए है....जीव जो कहता है उसे न करके वो कर रहा है जो उसे नही करना चाहिए....मौत पे महफिले सज रही है....????













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