देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read More
कृष्णकालीन समय से ही गुजरात व ब्रज का समन्वय
मथुरा। मथुरा के गोवर्धन स्थित आन्यौर परिक्रमा मार्ग राधा गोल्फ में यमुना कुंज सत्संग भवन के कृष्णार्पण एवं ब्रजांनद महोत्सव में पहुंचे उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि ब्रज में जन्मे कान्हा की वांसुरी का संगीत सभी को एक साथ जोडने वाला है। इस संगीत में न कोई जाति है न ही कोई धर्म है केवल स्नेह का बंधन है। मथुरा-वृंदावन, गोवर्धन में देववास की स्मृतियां हैं। इन्हीं स्मृतियों का यहां साक्षात दर्शन हो रहा है। कान्हा की बांसुरी जो कि प्रेम के बंधन में बांधकर लोगों के दुखों को मिटाती थी, वहीं वासुंरी एक दिन अचानक गुजरात चली गई और यशोदा के कान्हा गुजरात जाकर द्वारिकाधीश बन गये। पूरा ब्रज उदास हो गया और गोपियां प्रेम में व्याकुल हो गई तो द्वारिकाधीश प्रभु ने उद्वव को संदेश लेकर भेजा कि गोपियों से कहो अब वे उनको भूल जायें। उद्वव जी ने ब्रज में आकर गोपी-ग्वालवालों का ऐसा प्रेम देखा तो अभिभूत हो गये। जब उन्होंने द्वारिकाधीश प्रभु का संदेश गोपियों को सुनाया तो गोपियां कहने लगीं कि उनका एक ही मन तो वह कान्हा के साथ चला गया अब किसको निकाल दें। ऐसा प्रेम सिर्फ ब्रज की गलियों को देखने को मिलता है।
सुगम्य स्थल के रूप में विकसित होगा गोवर्धन
उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कहा कि उत्तर प्रदेश से जाकर कृष्ण गुजरात बस गये। अब भगवान ने अपने भक्त मोदी को गुजरात से उत्तर प्रदेश भेजा और वाराणसी से सांसद बनकर देश के प्रधानमंत्री बने। उन्होंने प्रदेश में योगी जी को भेजा। अब देश और प्रदेश के समन्वय के साथ विकास की गंगा बह रही है। गोवर्धन को तीर्थ स्थल घोषित कर दिया है। गिरिराज जी के पर्वत को सुगम्य बनाया जाएगा। गिरिराज जी का प्राचीन शैली को ध्यान में रखकर विकास किया जाएगा। सड़कें बनेंगी, जल निकासी की सुविधाएं होगी। यहां आने वाले भगवान के भक्त सुखद महसूस करेंगे। प्रदेश सरकार तीर्थ विकास के लिए संकल्पि है।













Related Items
गोवर्धन पर्वत को विश्व विरासत का दर्जा दिलाने की मुहिम
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पूंछरी स्थित श्रीनाथजी मंदिर में की गोवर्धन पूजा
गोवर्धन रोड पर वृहद वृक्षारोपण की शुरुआत हुई