देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। सर्वोच्च न्यायालय द्वारा समायोजित शिक्षा मित्रों के विषय में दिये गये फैसले के खिलाफ उप्र सरकार द्वारा पुर्नविचार याचिका दाखिल किये जाने व शिक्षा मित्रों के भविष्य को सुरक्षित किये जाने को लेकर आज शिक्षा मित्रों ने कलैक्ट्रेट के द्वार पर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन भी जिला प्रशासन को सौंपा है। शिक्षा मित्रों का कहना है कि उनका समायोजन निरस्त कर दिया गया है जिससे एक लाख सत्तर हजार शिक्षा मंत्री व उनके परिवार पर रोजी रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है। इस फैसले से प्राथमिक शिक्षा पर भी संकट के बादल है। समायोजित शिक्षकों के भविष्य को सुरक्षित करने का अधिकार सर्वोच्च न्यायालय द्वारा राज्य सरकार को दिया गया है। इसीलिए अब यह चाहते है कि सर्वोच्च न्यायालय में पुर्नविचार याचिका जल्द दाखिल की जाये। इस मौके पर शिक्षा मित्र संघ के पदाधिकारी दीपक गुप्ता, गिरिजेश कुमार, रामकुमार, सतेन्द्र सिंह सहित काफी संख्या में शिक्षा मंत्री मौजूद थे।













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