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मोर्चरी में रखा था शव, थाने के चक्कर काटते रहे परिजन

मथुरा। 25 वर्षीय युवक का शव थाना हाइवे पुलिस ने 9 मार्च को मोर्चरी मंे रखवा दिया था। युवक का शव रेलवे लाइन के किनारे जिस दिन पुलिस ने बरामद किया था उसी दिन युवक के परिजन थाना हाइवे पहुंच गये थे। अपने परिजन की गुमशुदगी की तहरीर भी दे दी थी। इसके बादवजू 12 मार्च की रात तक परिजनों को पुलिस यह नहीं बता सकी कि एक युवक का शव रेलवे लाइन के पास मिला है। जबकि इस बीच पुलिस ने परिजनों से फोटो भी ले लिये थे और गुमशुदगी के 100 पैम्पलेट भी छपवा लिये। 12 मार्च की रात को परिजनों को बताया गया कि युवक का शव मोर्चरी में रखा हुआ है। परिजनांे को जब यह पता चला कि शव 9 मार्च को ही बरामद हो गया था, तो उनका गुस्सा पुलिस पर फूटा। बडी संख्या में काॅलोनी के लोग थाना हाइवे पहुंच गये और पुलिस पर मिली भगत का आरोप लगा कर हंगामा करने लगे। इसकी जानकारी आलाधिकारियांे को हुई। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद मामले में नामजद हत्या का मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। मृतक युवक के परिजनां का आरोप है कि पुलिस तीन दिन तक उन्हंे गुमराह करती रही। 9 मार्च को 25 वर्षीय कन्हैया घर से सब्जी लाने के लिए निकला था। इसी दिन उसका शव रेलवे लाइन के पास मिला था। हाथ और गर्दन कटे हुए थे। परिजन इसे हादसा मानने को तैयार नहीं थे। मृतक के भाई का आरोप है कि इस बीच उन्हें कुछ फोन काॅल भी आये। पुलिस ने इस दौरान यह बताने तक की जहमत नहीं उठाई कि अज्ञात में मोर्चरी में जो शव पुलिस ने रखवाया था उसे हमंे दिख देते।


अज्ञात लडके का शव रेलवे लाइन के पास बरामद हुआ था। परिजनों की तहरीर पर तीन लोगों के खिलाफ नामजद हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
अभिशेख तिवारी, सीओ रिफाइनरी  

 

नारद संवाद

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