देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। रंगभरनी एकादशी पर ब्रज में आस्था का ज्वार फूट पडा। हर ओर श्रद्धालुओं का रैला दिख रहा था। खराब मौसम और कोरोनावाइरस का कहर भी श्रद्धालुओं के कदम नहीं रोक सके। ब्रज में होली का उल्लास छाया हुआ है। बरसाना-नंदगांव के बाद मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर होली का आनंद बरस रहा है। रंगभरनी एकादशी पर कार्षि्ण गुरु शरणानंद महाराज ने श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर राधाकृष्ण की युगल जोड़ी की आरती कर होली महोत्सव का शुभारंभ किया। इसके साथ ही परिसर में मौजूद भक्त होली के रंगों में सराबोर होकर झूमने लगे। शुक्रवार सुबह से भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि पर भक्ति के रंगों की ऐसी हिलोरे उठने लगीं थीं। ब्रजवासियों के साथ देश-विदेश से आए भक्त भी होली की मस्ती में सराबोर हैं। हर ओर रंग बिरंगे उड़ते गुलाल से वातावरण सतरंगी हो गया।
श्रीकृष्ण जन्मस्थान के होली महोत्सव में कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। रावल गांव के हुरियारे और हुरियारिनों ने लठमार होली खेली। इस उत्सव में फूलों की होली के बाद पहली बार सुगंधित द्रव्य की होली खेली गई। कलाकारों ने गीत और नृत्य के बीच होली की प्रस्तुति दी। कोरोनावायरस का खौफ भक्तों की आस्था नहीं डिगा सका। श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव कपिल शर्मा ने कहा कि संपूर्ण विश्व में लोगों को भयभीत करने वाले कोरोनावायरस को देखते हुए लोगों से अपील की गई है। उन्होंने कहा कि इस महामारी से रोगमुक्त-भयमुक्त करने के लिए केशवदेव के श्रीचरणों में प्रार्थना की जाएगी। शाम को लठामार होली हुई।
बांकेबिहारी मंदिर में रंगभरनी एकादशी पर इसकी विधिवत शुरुआत होती है। रंगभरनी एकादशी छह मार्च को है। इस दिन से ठाकुर बांके बिहारी मंदिर सहित सभी मंदिर में भक्तों द्वारा जमकर गुलाल उड़ाया जाएगा।
श्रंगार आरती के बाद ठाकुर बांकेबिहारी के गालों पर केसर की कीच लगाई जाएगी। ठाकुरजी की ओर से मंदिर के सेवायत रंग-गुलाल उड़ाएंगे। कन्हैयालाल गोस्वामी ने होली के बारे में बताते हुए कहा कि ऐसी अद्भुत होरी कहीं भी नहीं मिलेगी। उन्होंने कहा कि बांकेबिहारी के बांके पुजारी, रंग गुलाल के बीच खड़े, ब्रज मंडल ते नभ मंडल तक, ब्रज की होरी लठ गढ़े।
रावल में धूमधाम के साथ बनाई गई होली
मथुरा में होली महोत्सव जगह-जगह जोर जोरों से मनाया जा रहा है। मथुरा के यमुना पार क्षेत्र में स्थित रावल गांव में राधा रानी मंदिर पर बड़े ही धूमधाम से लट्ठमार होली खेली गई। लट्ठमार होली से पहले मंदिर में भजन संध्या का आयोजन किया गया। जिसमें दूरदराज से आए श्रद्धालुओं ने जमकर भजनों पर नृत्य किया। रावल धाम में लठमार होली के महोत्सव में मथुरा वृंदावन के प्रसिद्ध गायक कलाकार बाबा रसिका पागल आरती दीदी एवं अन्य भजन गायक कलाकार भी आये मथुरा वृंदावन के प्रसिद्ध गायक कलाकारों के भजनों पर श्रद्धालु झूमते नाचते नजर आए उसके बाद हुरियारिन और हुरियारिनों साथ जमकर के लट्ठमार होली हुई। जिसमें हुरियारन और हरियारों ने जमकर के लठमार होली का आनंद लिया।













Related Items
रंग बरसे' फिर से - 4 दशक बाद भी होली के रंग को और गाढ़ा करता है यह आइकॉनिक सॉन्ग
10 दिन तक चली थी 'शोले' के होली सॉन्ग की शूटिंग, बिना मेकअप सेट पर रंग लगाए घूमते थे कलाकार
MATHURA : ठाकुर जानकी वल्लभ लाल का धूमधाम से मनाया अन्नकूट महोत्सव