देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। शरद पूर्णिमा से कार्तिक पूर्णिमा तक यानी पूरे एक महीने ब्रज में नियम सेवा के लिए बडी संख्या में श्रद्धालु प्रवास करते हैं। मथुरा पुरी बृजमंडल तीर्थ क्षेत्र के प्राचीन श्री दीर्ध विष्णु मंदिर प्रांगण में शरद पूर्णिमा से कार्तिक पूर्णिमा तक अलौकिक दीपदान अमृत महोत्सव का आयोजन होगा। शरद पूर्णिमा की धवल चांदनी में देवाधिदेव श्री दीर्घ विष्णु भगवान एव पद्मालयी के अलौकिक दर्शन होंगे। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कार्तिक माह में देव मंदिर, तीर्थ स्थान, पवित्र नदियों के तट,एवं पथिक मार्गों और देव स्वरूप वृक्षों के समक्ष दीप दान करने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है,उसी मान्यताओं के अनुसार सप्तपुरियो में श्रेष्ठ मथुरा पुरी के प्राचीन श्री दीर्ध विष्णु मंदिर में विराजमान भगवान श्री दीर्घ विष्णु एवं पद्मालयी महालक्ष्मी के समक्ष दीप प्रज्जवलित करने पर अलौकिक पुण्य की प्राप्ति होती है।
इस वर्ष यह महोत्सव नौ अक्टूबर शरद पूर्णिमा से 8 नवम्बर कार्तिक पूर्णिमा तक प्रतिदिन सांयकाल 5ः30 से आयोजित होगा। जिसमें शरद पूर्णिमा, अहोई अष्टमी, एकादशी, धनतेरस, रूप चैदस, दीपावली, गोर्वधन पूजा, यम द्वितीया, लाभ पंचमी, छट्ट महोत्सव, गोपाष्टमी, अक्षय नवमी, देवप्रबोधनी एकादशी, द्वादशी सहित कार्तिक पूर्णिमा को भव्य आयोजन किये जाएंगे। श्री दीर्घ विष्णु मंदिर के सेवायत महंत कान्तानाथ चतुर्वेदी के अनुसार मंदिर प्रांगण को भव्य आकर्षक रूप में तैयार किया जा रहा है। प्रतिदिन ठाकुर जी को दिव्य श्रृंगार धारण कराये जायेगें,ऋतु अनुकूल सुगंधित पुष्पों की मालाएं ठाकुर जी को धारण करायी जायेगी और प्रतिदिन दिन भव्यता के साथ मंदिर में पौराणिक, वैदिक परम्परा के अनुसार आलौकिक दीपदान अमृत महोत्सव का आयोजन रहेगा। श्री दीर्घ विष्णु मंदिर सेवा संस्थान के संयोजक आचार्य बृजेन्द्र नागर, प्रवक्ता रामदास चतुर्वेदी पार्षद, महासचिव बालकृष्ण चतुर्वेदी, महाप्रबंधक लालकृष्ण चतुर्वेदी, आचार्य मुरलीधर शास्त्री, महिला समिति अध्यक्ष अनिता चतुर्वेदी सहित आयोजक मंडल ने सभी धर्मपरायण जनों से अलौकिक उत्सव में प्रतिदिन दीपदान कर अक्षय पुण्य प्राप्त करने का आग्रह किया है।













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