BREAKING NEWS

मीडियाभारती वेब सॉल्युशन अपने उपभोक्ताओं को कई तरह की इंटरनेट और मोबाइल मूल्य आधारित सेवाएं मुहैया कराता है। इनमें वेबसाइट डिजायनिंग, डेवलपिंग, वीपीएस, साझा होस्टिंग, डोमेन बुकिंग, बिजनेस मेल, दैनिक वेबसाइट अपडेशन, डेटा हैंडलिंग, वेब मार्केटिंग, वेब प्रमोशन तथा दूसरे मीडिया प्रकाशकों के लिए नियमित प्रकाशन सामग्री मुहैया कराना प्रमुख है- संपर्क करें - 0129-4036474

दो अक्टूबर तक बरसाना कैसे होगा स्वच्छ

बरसाना के प्राथमिक विद्यालय में फैली गंदगी

मथुरा। बरसाना प्राथमिक विद्यालय प्रथम में स्टाफ 5 अध्याकपों का है, बच्चे 128 हैं और कमरे 7 हैं। द्वितीय विद्यालय में स्टॉफ 4 अध्यापकों का है, बच्चे 98 और कमरे 3 हैं। दोनों प्रथम एवं द्वितीय विद्यालय एक ही परिसर में स्थित हैं। संयुक्त विद्यालय में मुख्य समस्या गंदगी की है। यहां गंदगी का साम्राज्य है। जिससे बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़त रहा है। उसके बाद बाउंड्री वाल एवं नाली की समस्या है। बाउंड्री वाल जगह-जगह से टूटी पड़ी है। विद्यालय परिसर में आवारा पषु विचरण करते रहते है। 1 नगर पंचायत की नाली है जो जगह-जगह से टूटी हुई है। नाली का पूरा गंदा पानी विद्यालय परिसर में आता है, जिससे कीचड़, गंदगी दोनों देखने को मिलती है। विद्यालय कई बार बाउंड्री वाल स्टाफ से चंदा इकट्ठा कर बनवा चुका है। किंतु बाउंड्री वाल एवं नाली को शरारती एवं असामाजिक तत्व तोड़ देते हैं। मजे की बात यह है कि उक्त विद्यालय दोपहर एक बजे बंद हो जाता है। उसके बाद वहां के कुछ असामाजिक तत्व टंकी में से पानी घरों को ले जाते हैं एवं जुआरी, सटोरिए नशेबाज लोग अनेकों प्रकार के नशा करके ताश पत्ता जुआ खेलते रहते हैं एवं  अनेकों तरह से  हुल्लड़ मचाकर उत्पात करते रहते हैं उक्त संयुक्त विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रथम अनीता सारस्वत एवं द्वितीय प्रधानाचार्य मधु गुप्ता दोनों ने बताया कि हमने अभी स्टाफ के सहयोग से कुछ बाउंड्री वाल को सही कराया है। शरारती तत्वों ने तोड़ना शुरू कर दिया है। यह शरारती लोग अनेकों बार बाउंड्री वाल को तोड़ चुके हैं। हमारे पास पूरी बाउंड्री वाल एवं नाली बनाने के लिए सरकारी बजट नहीं है। नाली, बाउंड्री वाला में तोड़फोड़ आदि कर विद्यालय में अवस्थाएं फैलाने वालों के खिलाफ विद्यालय की ओर से एसओ बरसाना और एसडीएम गोवर्धन से अनेकों बार लिखित में शिकायत भी की जा चुकी है। 
 

नारद संवाद

देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि

Read More

हमारी बात

Bollywood


विविधा


शंखनाद

पुरानी कहावत और नया भारत

Read More