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(मुकेश कुशवाह)
जमीनी रंजिश आज से नहीं 50 साल से दोनों पक्षों मे चली आ रही
दो सौ एकड़ जमीन के लिए दोनों पक्ष एक-दूसरे के खून के प्यासे
मथुरा। थाना शेरगढ क्षेत्र स्थित गांव सेही में सैंकड़ों एकड़ जमीन को पचास साल से रंजिश चली आ रही है। बेशकीमती जमीन पर अपना-अपना कब्जा जमाने के लिए अभी तक चार हत्यांए हो चुकी हैं। बुधवार को इसी रंजिश में बघेल समाज के दो लोगों की हत्या के बाद शवों का पोस्टमार्टम कराने के बाद पुलिस की तैनाती में मृतकों का अंतिम संस्कार किया गया। तनाव को देखते हुए एसएसपी ने गांव में एतिहातन पीएसी तैनात कर दी है। बताते चलें कि गांव सेही निवासी 65 वर्षीय दयोली पुत्र टूंडा,55 वर्षीय अमर सिंह पुत्र प्यारे बघेल की बुलेरो में सवार होकर आधा दर्जन हथियारबंद लोगों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसा कर हत्या कर दी थी,जबकि गोली लगने से एदल सिंह पुत्र कल्लू बघेल घायल हो गया था। हमलावर दो हत्या करने के बाद फरार हो गए थे। एक साथ दोहरे हत्याकांड से बघेल समाज में रोष फैला तो एसएसपी स्वप्निल ममगाई ने घटनास्थल पर पहुंच कर लोगों को शांत कराते हुए हत्यारोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया था। इसके बाद पुलिस ने मृतकों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे थे। इससे पहले जमीनी विवाद को लेकर ही सितंबर 2017 में मृतक पक्ष के लोगों ने भगवान सिंह ठाकुर को गोलियों से छलनी करके मौत के घाट उतारा था। उधर पोस्टमार्टमगृह पर आए मृतक पक्ष के मंगतूराम पुत्र राम सिंह ने बताया कि करीब 50 साल से मांट खादर में पड़ी जमीन को लेकर रंजिश चली आ रही है। उनका कहना था कि कई दफा खूनी संघर्ष हो चुका है। बताया कि जिस जमीन पर ठाकुर भगवान सिंह पक्ष के लोग अपना दावा जताते हैं,उस दो सौ एकड़ जमीन पर मृतक दयोली और अमर सिंह तथा अन्य परिजनों के नाम फसली संख्या 1362 खतौनी में उनके नाम पर दर्ज है लेकिन फिर भी जमीन पर हत्यारोपी अपना दावा जताते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के समय दयोली,अमर सिंह,एदल सिंह और वह खुद घर के बाहर बैठ कर बातें कर रहे थे,उसी दौरान बुलेरो में सवार होकर आए ठाकुर समाज के नीत्तो पुत्र रोहन सिंह,राजू पुत्र बाबू ठाकुर,चंद्रपाल और रिंकू पुत्रगण तोता ठाकुर,तनू उर्फ सत्येन्द्र तथा अंकित पुत्रगण भगवान सिंह ने बुलेरो से उतरते ही अधाधुंध गोलियां बरसा कर दयोली और अमर सिंह की हत्या कर दी,जबकि एदल सिंह गोली लगने से घायल हो गया था,बताया कि उसने वहां से भागकर अपनी जान बचायी है। मृतक दयोली के पुत्र रतिराम ने नामजद हत्यारोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करायी है। पुलिस हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने के लिए संभावित स्थानों पर दबिशें दे रही है।













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