देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। संविधान अंगीकार दिवस पर सामाजिक संगठनों ने मांग उठाई है कि विद्यालयों में प्रार्थना में संविधान की प्रस्तावना का वाचन होना चाहिए। महात्मा ज्योतिराव फुले विकास समिति एवं अखिल भारतीय समता फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में 73 वें संविधान अंगीकार दिवस पर भारत में सामाजिक न्याय आर्थिक न्याय राजनीतिक न्याय एवं चहुंमुखी न्याय के लिए प्रदर्शन कर तीन सूत्रीय ज्ञापन राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री भारत सरकार एवं मानव संसाधन मंत्रालय भारत सरकार के नाम नगर मजिस्ट्रेट सौरभ दुबे को सौंपा। रमेश सैनी रमेश सैनी एवं लुकेश कुमार राही ने संयुक्त रूप से कहा कि भारत में जातिवाद का भेदभाव समाप्त करने के लिए समान शिक्षा कानून व्यवस्था तत्काल लागू होनी चाहिए। साथ ही पाठ्यक्रम में संविधान के पठन पाठन का कार्य तत्काल शुरू हो। भारत के प्रत्येक विद्यालय में प्रार्थना उपरांत संविधान की प्रस्तावना का वाचन प्रतिदिन हो तभी भारत से से सभी प्रकार की असमानता समाप्त होगी। ज्ञापन के दौरान रमेश सैनी, लुकेश कुमार राही, चित्रसेन मौर्य, संजय बीडीसी, नत्थी लाल सैनी, रवि कुमार, डॉ. राजकुमार सैनी, विवेक कुमार, आकाश बाबू, विजय कुमार, प्रताप कुमार, लक्ष्य चौहान, फतेह सिंह, बबलू कुमार, नाहर सिंह, तरुण कनौजिया, संतोष मौर्य, डॉ. सुरेंद्र, अब्दुल मलिक, प्रदीप सागर, योगेश कुमार, प्रमोद यादव, उदय सिंह कोटा, रविंद्र कुमार कोटा, प्रदीप सिंह, कुमारपाल, अरविंद कुमार, देवेंद्र कुमार, नीरज पिसावा, रवि कुमार आदि मौजूद रहे।













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