देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreहरित और टिकाऊ भविष्य के लिए, हाइड्रोजन एनर्जी की अहमियत हर बीतते हुए दिन के साथ बढ़ती जा रही है। ईंधन स्रोत के रूप में हाइड्रोजन की चर्चा तो दशकों से हो रही है, लेकिन अब इस तकनीक के लिए भारत तैयार है। सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी एनटीपीसी देश की पहली हरित हाइड्रोजन परिवहन परियोजना यानि फर्स्ट ग्रीन हाइड्रोजन मोबिलिटी प्रोजेक्ट की स्थापना करने वाली है। इस परियोजना के पूरे हो जाने के बाद लद्दाख हाइड्रोजन आधारित ग्रीन ट्रांसपोर्ट सर्विस शुरू करने वाला देश का पहला प्रदेश और लेह पहला शहर बन जाएगा। इसके तहत, पहले चरण में लेह जिले में पांच बसें चलाने की योजना है। केंद्रीय विद्युत मंत्री आर.के.सिंह ने ट्वीट करते हुए लिखा कि लेह जल्द ही जीरो कार्बन उत्सर्जन के साथ ग्रीन हाइड्रोजन ट्रांसपोर्ट सर्विस शुरू करने वाला देश का पहला प्रदेश बन जाएगा। लद्दाख को कार्बन न्यूट्रल प्रदेश बनाने के लिए सरकारी स्तर पर बड़े पैमाने पर काम चल रहा है। एनटीपीसी की सहायक कंपनी आरईएल के साथ लद्दाख प्रशासन का एमओयू हुआ है।













Related Items
देश मे चलेंगी हाइड्रोजन वाली बसें, जानिये क्या है ग्रीन हाइड्रोजन मोबिलिटी प्रोजेक्ट