देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreकोटा। प्रदेश के अतिरिक्त मुख्य सचिव कृषि विभाग एवं जिला प्रभारी सचिव पी.के. गोयल रविवार को कोटा पहुंचे और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर जिला प्रशासन द्वारा किये गये इंतजामों का निरीक्षण किया किया।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अधिकारी टीम भावना के साथ आम नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर माकूल इंतजाम रखें। उन्होंने चम्बल में पानी की आवक एवं बांधों से छोडे जा रहे पानी से प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा कर जिला प्रशासन द्वारा किये गये प्रबन्धों की समीक्षा कर प्रशासन द्वारा समय पर किये गये उपायों की सराहना की।
उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में फसल खराबे, सड़क, पुल, आवासीय क्षेत्रों में नुकसान का समय पर सर्वे करवाने के निर्देश दिये। जिला कलक्टर ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा प्रत्येक क्षेत्रों में अधिकारी तैनात कर आश्रय स्थलों में पर्याप्त इंतजाम किये गए है।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने चम्बल में पानी की आवक से खण्ड गांवडी, नयापुरा, बापू बस्ति, हरिजन बस्ति बालिता रोड़ में पानी भराव वाले स्थानों पर एसडीआरएफ की बोट में बैठकर जिला कलक्टर के साथ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लिया। उन्होंने आवासों की छतों पर बैठे लोगों को सुरक्षात्मक दृष्टि से आश्रय स्थलों में पहुचाने के निर्देश दिये।
अधिकारियों ने खण्ड गांवडी में बनाये गये आश्रय स्थल का निरीक्षण किया जहां नगर निगम द्वारा आवास एवं मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था तथा गुरूद्वारा आजमगढ साहिब बडगांव के जत्थेदारों द्वारा की गई भोजन व्यवस्था की सराहना की।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने सेना, एनडीआरएफ के साथ बैराज का निरीक्षण कर पानी की आवक एवं निकासी व्यवस्था की समीक्षा की तथा प्रभावित क्षत्रों में आवश्यकता पडने पर रेसक्यु के बारे में कार्य योजना पर चर्चा की। सेना के सीओ ने सेना द्वारा बचाव एवं राहत कार्य के लिए तैनात टीम व संशाधनों के बारे में बताया। जिला कलक्टर ने सेना के अधिकारियों को जिला प्रशासन द्वारा किये जा रहे प्रबन्धों की जानकारी साझा कर सेना व एनडीआरएफ को प्रभावित क्षेत्रों में तैनात करने की बात कही।
साभार-khaskhabar.com













Related Items
तेलंगाना में 119 सीटों पर मतदान जारी: 9 बजे तक 8.52% मतदान दर्ज,अल्लू अर्जुन समेत कई दिग्गजों ने डालें वोट...देखे तस्वीरें
राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्रों में खुलेंगी 1000 इन्दिरा रसोइयां
राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्रों में अब 21 लाख से अधिक परिवारों को ‘हर घर नल कनेक्शन‘ की सुविधा