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असम में बाढ़ से एक और की मौत, 2.42 लाख लोग अभी भी प्रभावित

गुवाहाटी । असम में बाढ़ की स्थिति में काफी सुधार हुआ है, लेकिन राज्य के 33 में से चार जिलों में अभी भी 2.42 लाख लोग प्रभावित हैं। बाढ़ की वजह से एक और व्यक्ति की जान चली गई है। आपदा प्रबंधन अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) के अधिकारियों ने कहा कि मोरीगांव जिले में एक व्यक्ति की मौत हो गई है, जिसके साथ ही इस वर्ष मानसून में बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 121 हो गई है।

एएसडीएमए अधिकारियों के अनुसार, चार जिलों में 2.42 लाख बाढ़ प्रभावित लोगों में से 1.79 लाख लोग अकेले मध्य असम के नागांव जिले से हैं।

बाढ़ की चल रही तीसरी लहर में निचले इलाकों के अलावा, चार जिलों - नागांव, होजई, मोरीगांव और गोलपारा के 380 गांवों में 22,802 हेक्टेयर से अधिक की फसल भूमि जलमग्न हो गई है।

उन्होंने कहा कि लगभग 46,000 पालतू जानवरों के साथ-साथ अभयारण्यों और राष्ट्रीय उद्यानों में जंगली जानवर भी बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। इसके अलावा कई सड़कें, पुल, तटबंध, सरकारी भवनों और स्कूलों को भी नुकसान पहुंचा है।

धुबरी जिले में ब्रह्मपुत्र खतरे के स्तर से ऊपर बह रही है और इसकी सहायक कोपिली नागांव जिले में खतरे के निशान को पार कर गई है।

एएसडीएमए के अधिकारियों ने कहा कि असम में अगस्त की शुरूआत तक 22 जिलों में विनाशकारी बाढ़ देखी गई, जिसकी वजह से 22 लोगों की मौत हो गई, जबकि 26 अन्य लोग भूस्खलन की वजह से मारे गए। राहत की बात यह है कि अगस्त के पहले सप्ताह में बाढ़ की स्थिति में काफी सुधार हुआ है।

असम में बाढ़ की वजह से 30 जिलों के 5,378 गांवों में 57 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।

साभार-khaskhabar.com

नारद संवाद

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