देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। बल्देव पब्लिक स्कूल में चल रहे सीबीएसई बोर्ड की ईस्ट जोन की जूडो चैम्पियनशिप की चार दिवसीय प्रतियोगिता में लडका और लडकियों के विभिन्न भार वर्गों में अलग अलग मुकाबले हुए। प्रतियोगिता के दूसरे दिन के मुकाबले में जूडो खिलाड़ियों ने दम दिखाया। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि डायेरक्टर रमनलाल शोरावाला पब्लिक स्कूल मथुरा अभिषेक गोयल, विद्यालय के निदेशक डा.अशोक सिकरवार व प्रधानाचार्या डा. अनीता सी सिकरवार ने सयुंक्त रूप से मां सरस्वती के चित्रपट पर मालायर्पण एवं दीप प्रज्जवलित कर की। इसके उपरांत जूडो में कई मुकाबले हुए जिसमे जीतने वाली टीमें अण्डर 11 के 40 किलो भार वर्ग में लडकियों में बबीता बल्देव पब्लिक स्कूल को गोल्ड, प्रियंशी अमृत मेमोरियल स्कूल मऊ को सिल्वर तथा 40 किलो वर्ग में गोल्ड सरस्वती बल्देव पब्लिक स्कूल मथुरा, अकृति सिल्वर अमृत मेमोरियल स्कूल मउ, अण्डर 14 गर्ल्स में 50 किलो में निधि गोल्ड बल्देव पब्लिक स्कूल मथुरा, जीवा सिल्वर माग जोरजियस स्कूल, 50 किलो में अनुष्का गोल्ड दिल्ली पब्लिक स्कूल, इटावा, सिमरन सिल्वर मोर्डन पब्लिक स्कूल इटावा, अण्डर 17 के 52 किलो वर्ग में अंकाक्षा अमृत मेमोरियल स्कूल मऊ ने गोल्ड, पायल सिल्वर आर्मी पब्लिक स्कूल गोरखपुर, अण्डर 17 लडकियों में 57 किलो प्रगति कुमारी पुलिस मोर्डन स्कूल इटावा, प्रियंका सिल्वर बल्देव पब्लिक स्कूल, मथुरा तथा 63 किलो में श्रृंदा गोल्ड सेंट्रल पब्लिक स्कूल लखनऊ, नेहा सिल्वर बल्देव पब्लिक स्कूल, मथुरा, अण्डर 19 की 60 किलो भार मंे आर्मी पब्लिक स्कूल गोरखपुर की प्रियांशी गोल्ड, बल्देव पब्लिक स्कूल की एकता ने सिल्वर प्राप्त किया।
मुख्य अतिथि अभिषेक गोयल, सुभाष चैधरी, स्वेता गर्ग, सुमन गोयल, मोहिनी खंडेलवाल, निशा गोयल ने खिलाड़ियों में जोश भरते हुए कहा कि हार और जीत सिक्के के एक पहलू है, परंतु प्रातियोगिता में भाग लेना ही अपने आप में एक बहुत बड़ी जीत हैं। हार पर किसी भी प्रतिभागी को निराश नहीं होना चाहिए। कार्यक्रम को अंत में ले जाते हुए विद्यालय के निदेशक डॉ . अशोक सिकरवार व सीबीएसई आब्जर्बर पुनेश ठाकुर ने विद्यार्थियों को अच्छे भविष्य का आर्शीवाद दिया। कहा कि आप लोगो में से ही भविष्य के सचिन व मिल्खा सिहं जैसे खिलाड़ि बन अपना व अपने देश का नाम रोशन करते हैं । कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय परिवार का सहयोग सराहनीय रहा जिसमें मुख्यतः अशुतोष , गोपाल , मितेश , अरुण , संजीव आदि का विशेष सहयोग रहा। रेफरी हेमंत चैधरी,अजय मान रहे।













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