देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreमथुरा। हाटस्पाॅट घोषित किये गये क्षेत्रों से संबद्ध पार्षदों की सुध जिला प्रशासन को आ गई है। सील किये गये क्षेत्र में लोगों को हो रही परेशानियों को देखते हुए पार्षदों का सहयोग जिला प्रशासन ने मांगा है। हाॅटस्पाट से जुडे ऐस 10 पार्षदों के साथ जिलाधिकारी सर्वज्ञराम मिश्र और दूसरे आलाधिकारियों ने बैठक की और सहयोग मांगा। बैठक से बाहर आने के बाद पार्षदों ने बताया कि वह अपनी जिम्मेदारी पहले से निभा रहे हैं। इस महामारी के दौर में हमारी जिम्मेदारी और बढ गई है। लाॅकडाउन लागू होने के बाद अपने क्षेत्र के लोगों के प्रति वह अपने स्तर से पूरे प्रयास करते रहे हैं। हालांकि जिला प्रशासन ने उनसे सहयोग अभी तक नहीं लिया। जबकि वह इस बात के लिए तैयार थे। कई पार्षदों ने इस बात पर आश्चर्य जताया कि जिला प्रशासन उनसे संपर्क क्यों नहीं कर रहा यह उन्हें अभी तक समझ नहीं आ रहा था। दस में सात पार्षदों ने जिला प्रशासन की कार्य योजना और अभी तक किये गये प्रयासों के प्रति पूर्ण सहमति जताई जबकि तीन पार्षदों ने कुछ सुझावों के साथ पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। एक महिला पार्षद का कहना था कि लाॅकडाउन लागू होने के बाद उन्होंने 300 राशन कार्डों के आवेदन किये थे। जिनमें से बीस ही बन कर आये। ये लोग बता रहे हैं 71 ऐसे लोगों को जिनके राशन कार्ड थे ही नहीं दे यिे गये हैं, लेकिन हमें कुछ पता नहीं है। चैबिया पाडा क्षेत्र जिसे सील कर दिया गया है के पार्षद रामदास ने बताया कि अब क्षेत्रीय जनता को किसी तरह की कोई परेशानी नहीं होगी। उन्होंने बताया कि मेडिकल की दुकान अब 24 घंटे खुलेंगी। दूध, सब्जी की कोई परेशानी नहीं रहेगी। सील ऐरिया में दो एम्बूलेंस किसी भी स्थिति के लिए हर समय तैनात रहेंगी।













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