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जयपुर। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के विधि, मानवाधिकार एवं आरटीआई विभाग ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह, राजस्थान सरकार के मंत्री श्रीचंद कृपलानी, भाजपा विधायक रामहेत यादव एवं आरएएस अधिकारी राजेश चौहान के खिलाफ चुनाव आयोग को आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के संबंध में शिकायत दर्ज करवाई है।
कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने बीकानेर दौरे के दौरान लोगों से आह्वान किया कि गांवों में विपक्षी पार्टियों के नेता आवें तो उनका गिरेबान पकड़ लेना, गांव में घुसने मत देना, यह बयान लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर हमला है और आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है तथा एक भडक़ाने वाला कदम है और चुनावों में अशांति फैलाने का प्रयास है। उन्होंने बताया कि श्रीचंद कृपलानी ने सभा में प्रचार के दौरान मतदाताओं को डरा कर मत लेने का प्रयास कर रहे हैं, लोगों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं और लोगों को कह रहे हैं कि मुझे अबकी बार नहीं जिताओगे तो सुसाइड कर लूंगा, जो आचार संहिता का खुल्ला उल्लंघन है।
इसी तरह भाजपा विधायक रामहेत यादव ने अपने प्रचार के दौरान बयान दिया है कि अरे ये थारे ट्रेक्टर-ट्रोले हैं न जो भर-भर के जा रहे हैं, ये सुप्रीम कोर्ट का ऑर्डर है कि ये ट्रेक्टर नहीं चल सकते। ये रामहेत यादव की सरकार है, रामहेत यादव एमएलए है इसलिए चल रहे हैं, अरे तुमको तो मेरा ही ख्याल रखना है। यह बयान सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवमानना है व खुले रूप से कानून का उल्लंघन है तथा सरकारी मशीनरी के दुरूपयोग का उदाहरण है। इस तरह भाजपा के मंत्री एवं विधायक आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन कर रहे हैं, इनके खिलाफ तत्काल मुकद्मा दर्ज करवाया जाए व आदर्श आचार संहिता के तहत् कार्यवाही की जाए।
उन्होंने बताया कि जोधपुर में पदस्थापित आरएएस राजेश चौहान जो अतिरिक्त आयुक्त आबकारी विभाग के पद पर कार्यरत हैं जिनकी पत्नी शोभा चौहान को भाजपा ने सोजत विधानसभा क्षेत्र से अपना उम्मीदवार बनाया है। राजेश चौहान सरकारी पद पर रहते हुए सेवा नियमों को खुल्ला उल्लंघन कर रहे हैं, आदर्श आचार संहिता की धज्जियां उड़ा रहे हैं और भाजपा के कार्यकर्ता की तरह कार्य कर रहे हैं। राजेश चौहान किशन पाटीदार चेयरमेन अभाव-अभियोग विभाग व केन्द्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल के ओएसडी के पद पर कार्य कर चुके हैं। इन्हें तत्काल ए.पी.ओ. किये जाने की मांग निर्वाचन विभाग से की गई है। शिकायत की प्रति भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त को भी प्रेषित की गई है।
साभार-khaskhabar.com













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