देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
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वृन्दावन(जहीर आलम)। कोतवाली इलाके के परिक्रमा मार्ग स्थित बाबा नीब करोरी आश्रम की गौशाला के कमरे में पंखे से शव लटका मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को मीचे उतार कर शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। म्रतक मानसिक रूप से कमजोर बताया गया है। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है। जानकारी के अनुसार आगरा के नगला बेल के रहने वाले 42 वर्षीय सुमीत कुमार सिंह दूध की डेयरी कारोबारी बताए गए हैं। जो पिछले कई माह से मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे । जिस कारण उनका उपचार आगरा के सिनर्जी हॉस्पिटल में चल रहा था। परिजनों के अनुसार सुमीत कुमार 2 जुलाई की रात 2:00 बजे घर से निकल गये। जिसके बाद परिजनों के द्वारा 3 जुलाई को थाना बरहन में गुमसुदगी दर्ज करायी गयी। 3 जुलाई की शाम 6:00 बजे सुमीत कुमार इस्कॉन मंदिर के समीप लावारिश अवस्था मे घूमते हुए दलबीर सिंह नामक ड्राइवर को मिले। परेशान हाल सुमीत की मदद का इरादा दिल में लिए दलवीर सिंह उन्हें बाबा नीब करौली आश्रम लेकर पहुंचे जहां आश्रम के प्रबंधक शिव कुमार सिंह कोई आईडी न होने के चलते आश्रम में रखने से मना कर दिया। जिसके बाद आज सुबह एक बार पुनः ड्राइवर दलवीर सिंह उन्हें आश्रम लेकर पहुंचे जहां सुमित ने अपने परिवार वालों का नंबर देकर संतुष्ट किया। सुबह लगभग 10 बजे आश्रम के प्रबंधक शिवकुमार सिंह ने परिजनों को सुमीत के आश्रम में होने की जानकारी दी। और सुमीत को आश्रम में रख लिया। इधर सूचना पर सुमित के भाई मुन्ना सिंह साले कपिल ससुर नरसिंह पाल, पत्नी सलोनी ,एवं पुत्र कान्हा के साथ अन्य परिवारीजन दोपहर 2:00 बजे आश्रम में पहुंच गए। घर से निकले सुमीत को वापस लेने की आस में आए परिजनों को उस समय झटका लगा। जब आश्रम में आई पुलिस ने गौशाला के कमरे से फांसी के फंदे पर झूलते सुमीत के शव को नीचे उतारा। यह नजारा देख परिवारीजनों के पैरों तले जमीन निकल गई। मृतक की पत्नी, बहन, भाई के साथ पुत्र शव पर काफी देर तक विलाप करते रहे। म्रतक की पत्नी काफी देर तक शव से लिपट कर रोती रही ।इधर पुलिस ने शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।













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