देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read More2021 का पहला द्वि-वार्षिक वायु सेना कमांडर सम्मेलन गुरुवार से शुरू हो गया है। वायु सेना के शीर्ष स्तर के नेतृत्व के इस सम्मेलन का उद्देश्य आने वाले समय में भारतीय वायु सेना की क्षमताओं से संबंधित मुद्दों का समाधान करना है।
तीन दिन तक चलेगा सम्मेलन
सम्मेलन के दौरान तीन दिन की अवधि तक भारतीय वायु सेना की क्षमताओं से संबंधित नीतियों एवं रणनीतियों से जुड़े मुद्दों के समाधान हेतु अनेक प्रकार के विमर्श की श्रृंखला का आयोजन किया जा रहा है। इससे भारतीय वायु सेना को अपने प्रतिद्वंद्वियों के विरुद्ध बढ़त बनाने में मदद मिल सकेगी। मानव संसाधन और प्रशासनिक दक्षता में सुधार के लिए विभिन्न कल्याणकारी और मानव संसाधन उपायों पर भी चर्चा की जा रही है।
वायु सेना की क्षमताओं से संबंधित रणनीतियों के मुद्दों पर विचार जारी
यह सम्मेलन भारतीय वायु सेना के वरिष्ठ नेतृत्व को संचालन, रखरखाव और प्रशासन से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करने के लिए मंच प्रदान करता है। इस सम्मेलन में भारतीय वायु सेना की सभी कमानों के एयर ऑफिसर, कमांडिंग इन चीफ, सभी प्रिंसिपल स्टाफ व ऑफिसर व वायु सेना के मुख्यालय में तैनात सभी महानिदेशक भाग ले रहे हैं।













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