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देश के इस हिस्से में घर-घर में चल रहा है कम्युनिटी किचन, जरूरतमंदों तक खाने के लिए भिजवा रहे 'प्रसादम'

कोरोना महामारी की इस मुश्किल घड़ी में पूरा विश्व एक कठिन दौर से गुजर रहा है। ऐसे में जो लोग इस बीमारी से ग्रसित हैं। वे तो परेशान हैं ही, साथ ही साथ उनके परिजन भी मानसिक तनाव के साथ-साथ कई  चीजों से परेशान रहते हैं। ऐसे में लोग आगे बढ़कर एक-दूसरे की मदद कर रहे हैं। 

दरअसल, आज वक्त की जरूरत भी है कि हम अपना और अपनों का ध्यान रखते हुए उन लोगों का भी ध्यान रखें, जो इस समय असहाय महसूस कर रहे हैं या बीमारी से अकेले लड़ाई लड़ रहे हैं। कुछ लोगों की यह कोशिश छोटी जरूर है लेकिन बहुत से परिवारों को इस बीमारी से लड़ने का हौसला और साहस दे रही है कि आपकी इस लड़ाई में आप अकेले नहीं है बल्कि हम भी आपके साथ हैं। 

नि:शुल्क भोजन की पहल 'प्रसादम'

इन दिनों ऐसी ही एक कहानी आगरा के उन आम घरों की रसोई की है, जो आज पूरे आगरा का खयाल रख रही हैं। जी हां, ये रसोई अब जरिया बन गई हैं जरूरतमंदों तक नि:शुल्क भोजन उपलब्ध करवाने का। बताना चाहेंगे, यहां भोजन बिलकुल सामान्य तरीके से बनाया जा रहा है और साधारण गृहणी महिलाएं इसे बना रही हैं। यहां खाना पैक करने के बाद उसे कोरोना महामारी से जूझ रहे घरों तक नि:शुल्क पहुंचाने का कार्य भी किया जा रहा है। इस कार्य में लगे लोगों ने इसे 'प्रसादम' नाम दिया है। 

ऐसे किया जाता है पूरा कार्य

इस कार्य में जुटी रेखा हसीजा बताती हैं कि दिन भर में करीब 60 से 70 कॉल्स आती हैं। उन कॉल्स को अटेंड करना फिर लिस्ट बनाना और खाने की सारी तैयारी करना और आखिर में खाना पैक करके भिजवाना... इन सब कार्यों में लगता था कि दिन कहां चले जा रहे हैं। धीरे-धीरे ये लिस्ट भी बढ़ती गई और फिर सेंटर भी बढ़ते गए। हर सेंटर पर आज के समय में लगभग 50 से 100 कॉल्स आती हैं। सभी लोग स्वयं अपने हाथों से खाना बनाकर तैयार करते हैं और फिर उसे पैक करके भिजवाते हैं।

घर पर क्वारंटाइन किए गए लोगों के भोजन का रखते हैं पूरा खयाल

इस समय देश महामारी के दौर से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोगों से लगातार एक दूसरे की मदद के लिए आगे आने का आह्वान कर रहे हैं। ऐसे समय में ये गृहणियां हर अपने सीमित संसाधनों से प्रत्येक फोन कॉल को अटेंड करती हैं और उनकी भोजन की आवश्यकता को पूरा करने की कोशिश करती हैं। इनके साथ जुड़े कई साथी भोजन बांटने के समय पूरी सावधानी बरत रहे हैं ताकि कोविड संक्रमण न फैले।

नारद संवाद

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