BREAKING NEWS

स्विट्ज़रलैंड: पहाड़ों पर कुदरत का करिश्मा, मशीनों का जलवा और हम सबको ‘आज खाने में क्या है की चिंता?’ || लखनऊ : अखिलेश का दावा, SIR पर चुनाव आयोग में ही मतभेद, बताया- लोकतंत्र के लिए घातक || चेन्नई : राहुल गांधी अगले महीने तमिलनाडु में कर सकते हैं 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम || उत्तर प्रदेश : गोंडा में मुठभेड़ के बाद तीन गौतस्कर गिरफ्तार, बहराइच में शातिर अपराधी पुलिस की गोली लगने से घायल

सचिन ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज के लिए दी यह नसीहत

सचिन ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज के लिए दी यह नसीहतमुंबई । भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच फरवरी-मार्च में चार मैच की टेस्ट सीरीज खेली जाएगी। पहला टेस्ट 23 से 27 फरवरी तक पुणे, दूसरा चार से आठ मार्च तक बेंगलुुरू, तीसरा 16 से 20 मार्च तक रांची और चौथा 25 से 29 मार्च तक धर्मशाला में खेला जाएगा। इस सीरीज को लेकर प्रशंसकों के साथ पूर्व क्रिकेटर्स भी काफी उत्साहित हैं। इसी कड़ी में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर का मानना है कि टेस्ट सीरीज में भारत को ऑस्ट्रेलिया को हल्के में नहीं लेना चाहिए। 

सचिन ने सोमवार को कहा कि ऑस्ट्रेलिया एक मजबूत टीम है और भारत को उसे कम करके नहीं आंकना चाहिए। हालांकि भारतीय परिस्थितियों में खेलना मुश्किल होगा और ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी भी यह बात जानते हैं। जिस तरह से भारतीय टीम मौजूदा समय में खेल रही है उससे यह उनके लिए प्रशंसनीय बात है। लेकिन आप चीजों को हल्के में नहीं ले सकते। ऑस्ट्रेलिया को पिछली बार भारतीय धरती पर 0-4 से हार का सामना करना पड़ा था। इसके अलावा हाल में एशिया में कंगारुओं का प्रदर्शन टेस्ट में निराशाजनक रहा है। ऑस्ट्रेलिया को गत वर्ष श्रीलंका ने अपने घर में 3-0 से शिकस्त दी थी। सचिन ने कहा कि इसमें कोई शक नहीं है कि हमारी टीम अपनी बेहतरीन तैयारी करेगी और जब प्रदर्शन करना होगा, तो अच्छा प्रदर्शन करेगी। ऑस्ट्रेलियाई टीम से निपटना मुश्किल होगा और हमेशा से ही ऐसा होता रहा है, लेकिन मुझे भारतीय टीम पर पूरा भरोसा है।   

साभार-khaskhabar.com

 

नारद संवाद

देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि

Read More

हमारी बात

स्विट्ज़रलैंड: पहाड़ों पर कुदरत का करिश्मा, मशीनों का जलवा और हम सबको  ‘आज खाने में क्या है की चिंता?’

Read More

Bollywood


विविधा


शंखनाद

राइन फॉल्स, स्विस सीढ़ियाँ और बुज़ुर्ग घुटने: नाव की सैर बनी ओलंपिक प्रतियोगिता!

Read More