BREAKING NEWS

स्विट्ज़रलैंड: पहाड़ों पर कुदरत का करिश्मा, मशीनों का जलवा और हम सबको ‘आज खाने में क्या है की चिंता?’ || लखनऊ : अखिलेश का दावा, SIR पर चुनाव आयोग में ही मतभेद, बताया- लोकतंत्र के लिए घातक || चेन्नई : राहुल गांधी अगले महीने तमिलनाडु में कर सकते हैं 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम || उत्तर प्रदेश : गोंडा में मुठभेड़ के बाद तीन गौतस्कर गिरफ्तार, बहराइच में शातिर अपराधी पुलिस की गोली लगने से घायल

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैन्यूएल मैक्रां ने हिन्दी में जारी किया संदेश, एक साथ मिलकर पायेंगे कोरोना पर जीत

कोरोना महामारी की शुरुआत में भारत ने वसुधैव कुटुंबकम और मानवता के उद्देश्य से जो कदम उठाए, उसी का नतीजा है कि आज कोरोना की दूसरी लहर में दुनिया के तमाम बड़े से लेकर छोटे देश भारत के सहयोग के लिए आगे आ रहे हैं। अमेरिका के बाद अब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैन्यूएल मैक्रां ने भारत के साथ भावनात्मक एकजुटता दर्शाने के लिए हिन्दी में एक संदेश जारी किया है। 
  


 एक साथ मिलकर जीतेंगे


फ्रांस के राष्ट्रपति  इमैन्यूएल मैक्रां ने अपने फेसबुक प्रोफाइल में भारत के साथ एकजुटता दिखाते हुए कहा है कि हम जिस महामारी से गुजर रहे हैं, कोई इससे अछूता नहीं है। हम जानते हैं कि भारत एक मुश्किल दौर से गुजर रहा है। फ्रांस और भारत हमेशा एकजुट रहे हैं। फ्रांस सहायता प्रदान करने के लिए तत्परता से काम कर रहा हैं। फ्रांस भारत को मेडिकल उपकरण, वेंटिलेटर और ऑक्सीजन तथा 8 ऑक्सीजन जनरेटर भेजेगा। प्रत्येक जेनरेटर ऑक्सीजन का उत्पादन करके एक अस्पताल को 10 साल तक आत्मनिर्भर बना सकता है। फ्रांस के मंत्रालयों के विभाग भी कड़ी मेहनत कर रहे हैं। फ्रांसीसी कंपनियां लामबंद हो रही हैं। एकजुटता फ्रांस की सोच के केंद्र में है। यह दोनों देशों के बीच मित्रता के केंद्र में है। हम एक साथ मिलकर जीतेंगे ।
 
आयरलैंड और भूटान भी भेज रहे सहायता


वहीं बता दें कि इसी बीच आयरलैंड भारत को 700 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भेज रहा है। यह हवा से ऑक्सीजन इकट्ठा कर उसे 90 प्रतिशत तक कंसंट्रेट कर सीधे मरीज तक पहुंचाता है। वहीं भूटान भारत को प्रतिदिन 40 मीट्रिक टन लिक्विड ऑक्सीजन देगा। भूटान के सौम्द्रूप जोंखार जिले स्थिति क्रायोजेनिक ऑक्सीजन प्लांट असम को ऑक्सीजन की सप्लाई करेगा। यह भारत और भूटान की कंपनियों का संयुक्त उपक्रम है।

नारद संवाद

देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि

Read More

हमारी बात

स्विट्ज़रलैंड: पहाड़ों पर कुदरत का करिश्मा, मशीनों का जलवा और हम सबको  ‘आज खाने में क्या है की चिंता?’

Read More

Bollywood


विविधा


शंखनाद

राइन फॉल्स, स्विस सीढ़ियाँ और बुज़ुर्ग घुटने: नाव की सैर बनी ओलंपिक प्रतियोगिता!

Read More