देवरिया का ऐसा मंदिर जिसे श्रद्धालु बताते हैं 'अश्वत्थामा' की तपोभूमि
Read Moreविदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर तीन दिवसीय यात्रा पर बुधवार को कुवैत जाएंगे। यह विदेश मंत्री के तौर पर उनकी पहली कुवैत यात्रा होगी। अपनी यात्रा के दौरान वह कई उच्च स्तरीय बैठक करेंगे और भारतीय समुदाय को भी संबोधित करेंगे।
विदेश मंत्रालय के अनुसार वह कुवैत के विदेश मंत्री अहमद नासिर अल मोहम्मद अल सबाह के निमंत्रण पर वहां जा रहे हैं। वह अपने साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कुवैत के अमीर के नाम लिखा व्यक्तिगत पत्र भी उन्हें सौंपेंगे।
भारत-कुवैत संबंध
बता दें कि वर्ष 2021-22 भारत और कुवैत के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना का साठवां वर्ष है। कुवैत और भारत के बीच प्रगाढ़ संबंध है। कुवैत में इस समय करीब 10 लाख भारतीय रह रहे हैं। भारत कुवैत के साथ सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है और कुवैत भारत का बड़ा तेल निर्यातक देश है।
कुवैत के विदेश मंत्री इसी वर्ष मार्च में दो दिवसीय भारत यात्रा पर आए थे। इस दौरान दोनों देशों ने विदेश मंत्री स्तर के संयुक्त आयोग स्थापित करने पर सहमति जताई थी।













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