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फसलें पानी में डूबी, ब्यास उफान पर, कभी भी मच सकती है तबाही

फसलें पानी में डूबी, ब्यास उफान पर, कभी भी मच सकती है तबाहीकपूरथला। दो दिन से हो रही लगातार मूसलाधार बारिश के चलते बरसाती नाले ओवर फलो होने से इलाके दर्जनों गांव बाढ़ की चपेट में आ गए है, जिससे किसानों की फसले जलमग्न होने के चलते लाखों रूपये का नुकसान हो गया है। गांवों में बाढ़ का पानी आने से किसान व इलाके के लोगों में दहशत का माहौल है। किसानों द्वारा बिजाई की गई फसले पानी में डूब गई है। कई गांवों को जाने वाले रास्ते बाढ़ के पानी के कारण डूब गए है जिससे लोगों को जाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं जिला प्रशासन द्वारा बरसाती पानी से निपटने के लिए पुख्ता प्रबंध के दावे किए गए थे, लेकिन दावे हकीकत से कोसो दूर नजर आए।

इलाके के गांव संगोजला, खुखरैण, खानगाह, धारीवाल बेट, भवानीपुर, खुसरोपुर के अलावा आसपास लगते अनेकों गांवों में भुलत्थ से निकलते बरसाती नाले का पानी ओवर फलो होने से उक्त गांवों को बाढ़ की चपेट में ले लिया है। वहीं डिप्टी कमिश्नर कपूरथला मोहम्मद तायब का कहना है कि प्रशासन द्वारा पानी के चपेट में आए गांवों को राहत पहुंचाने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया है और ड्रेनज विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच गए है। बाढ़ आने के कारण किसानों की हजारों एकड़ फसले पानी में डूब गई है तथा बाढ़ का पानी घटने की बजाए बढ़ रहा है जिससे उक्त गांवों के लोगों के चेहरो पर चिंता सता रही है और वह भगवान से दुआ कर रहे है कि बरसात बंद हो जिसके चलते पानी का स्तर कम हो। विडंबना यह है कि मूसलाधार बारिश लगातार जारी है।

 

इलाके के किसान रणजीत सिंह, सोहन लाल, बलविंदर सिंह, बलजीत सिंह, हरजिंदर सिंह, हरपाल सिंह, करनैल सिंह, मनजीत सिंह, करतार सिंह का कहना है कि दो दिन से हो रही लगातार बारिश के चलते दरिया ब्यास में भी पानी काफी तेजी के साथ बढ़ रहा है और बरसाती नाले जो पानी की निकासी के लिए बनाए गए है वह तेज बारिश के चलते ओवर फलो हो गए है जिस कारण उक्त नालों का पानी खेतों में दो-तीन फुट भर गया है जिससे बिजाई की गई फसले पानी की चपेट में आने से डूब गई है। जिस कारण किसानों का लाखों रूपये का नुकसान हुआ है। किसानों का कहना है कि अगर बारिश न रूकी तो आसपास के अनेकों गांव बाढ़ की चपेट में आ सकते है। 

 

किसानों ने बताया कि बारिश के चलते मंडियों में पड़ी मक्कई की फसल खराब होने से किसानों को भारी नुकसान जहां उठाना पड़ा वहीं अब बाढ़ के आने से किसानों द्वारा खेतों में बिजाई की गई फसलें डूब गई है किसानों को दोहरी मार पड़ रही है। अगर बारिश न रूकी तो दरिया ब्यास का भी कहर किसानों पर कभी भी टूट सकता है? दरिया ब्यास का जलस्तर भी बड़ी तेजी के साथ बढ़ रहा है। मंड क्षेत्र में दर्जनों गांव दरिया ब्यास के साथ लगते है जहां पर किसानों की हजारों एकड़ जमीन पर फसलों की बिजाई की हुई है साभार-khaskhabar.com

 

नारद संवाद

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